Translations:Messenger/7/hi: Difference between revisions
JaspalSoni (talk | contribs) No edit summary |
JaspalSoni (talk | contribs) No edit summary |
||
| Line 1: | Line 1: | ||
'''[[Special:MyLanguage/apostle Paul| संत पॉल]]''' (apostle Paul), '''[[Special:MyLanguage/John the Beloved|जॉन द बिलवेड ]]''' (John the Beloved) और संत '''[[Special:MyLanguage/Teresa of Avila|टेरेसा ऑफ अविला ]]''' (Teresa of Avila) ईसा मसीह के शिष्य हैं। संत पॉल अब दिव्यगुरु [[Special:MyLanguage/Hilarion|हिलेरियन]] (Hilarion) हैं। पृथ्वी पर अपने अंतिम जन्म में वे [[Special:MyLanguage/Saint Hilarion|संत हिलारियन]] (Saint Hilarion) थे - ईसा मसीह ने इनके द्वारा लोगों को स्वस्थ किया था। जॉन द बिलवेड (John the Beloved) वह शिष्य थे जिन्हें ईसा मसीह बहुत स्नेह करते थे - ईसा मसीह ने इन्हें [[Special:MyLanguage/Book of Revelation|बुक ऑफ रेवेलेशन]] (Book of Revelation) को दिव्यवाणी (dictation) के रूप में प्रस्तुत किया था। | '''[[Special:MyLanguage/apostle Paul| संत पॉल]]''' (apostle Paul), '''[[Special:MyLanguage/John the Beloved|जॉन द बिलवेड ]]''' (John the Beloved) और संत '''[[Special:MyLanguage/Teresa of Avila|टेरेसा ऑफ अविला ]]''' (Teresa of Avila) ईसा मसीह के शिष्य हैं। संत पॉल अब दिव्यगुरु [[Special:MyLanguage/Hilarion|हिलेरियन]] (Hilarion) हैं। पृथ्वी पर अपने अंतिम जन्म में वे [[Special:MyLanguage/Saint Hilarion|संत हिलारियन]] (Saint Hilarion) थे - ईसा मसीह ने इनके द्वारा लोगों को स्वस्थ किया था। जॉन द बिलवेड (John the Beloved) वह शिष्य थे जिन्हें ईसा मसीह बहुत स्नेह करते थे - ईसा मसीह ने इन्हें [[Special:MyLanguage/Book of Revelation|बुक ऑफ रेवेलेशन]] (Book of Revelation) को दिव्यवाणी (dictation) के रूप में प्रस्तुत किया था। | ||
सोलहवीं शताब्दी के | सोलहवीं शताब्दी के समय स्पेन में कार्मेलाइट वर्ग (Carmelite order) की सुधारक संत टेरेसा ऑफ अविला (Saint Teresa of Avila) अक्सर ईसा मसीह के साथ बातें किया करती थीं। ईसा मसीह ने एक बार उनसे कहा, "मैं जो कहता हूँ उसे लिखना न भूलना... मैं तुम्हें एक जीवंत पुस्तक दूंगा।" वह अब [[Special:MyLanguage/Lady Kristine|महिला दिव्यगुरु क्रिस्टीन]] (Lady Kristine) हैं। | ||
Latest revision as of 10:40, 19 December 2025
संत पॉल (apostle Paul), जॉन द बिलवेड (John the Beloved) और संत टेरेसा ऑफ अविला (Teresa of Avila) ईसा मसीह के शिष्य हैं। संत पॉल अब दिव्यगुरु हिलेरियन (Hilarion) हैं। पृथ्वी पर अपने अंतिम जन्म में वे संत हिलारियन (Saint Hilarion) थे - ईसा मसीह ने इनके द्वारा लोगों को स्वस्थ किया था। जॉन द बिलवेड (John the Beloved) वह शिष्य थे जिन्हें ईसा मसीह बहुत स्नेह करते थे - ईसा मसीह ने इन्हें बुक ऑफ रेवेलेशन (Book of Revelation) को दिव्यवाणी (dictation) के रूप में प्रस्तुत किया था। सोलहवीं शताब्दी के समय स्पेन में कार्मेलाइट वर्ग (Carmelite order) की सुधारक संत टेरेसा ऑफ अविला (Saint Teresa of Avila) अक्सर ईसा मसीह के साथ बातें किया करती थीं। ईसा मसीह ने एक बार उनसे कहा, "मैं जो कहता हूँ उसे लिखना न भूलना... मैं तुम्हें एक जीवंत पुस्तक दूंगा।" वह अब महिला दिव्यगुरु क्रिस्टीन (Lady Kristine) हैं।